अपनी पसंद की खबर खोजें
जगदलपुर | बस्तर की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान गोंचा रथयात्रा महापर्व के अवसर पर 16 जुलाई को पूरे बस्तर जिले में स्थानीय अवकाश घोषित किया गया है। जिला कलेक्टर द्वारा जारी आदेश के अनुसार इस दिन जिले के सभी शासकीय कार्यालय बंद रहेंगे। हालांकि कोषालय (Treasury) और उप-कोषालय (Sub Treasury) में सामान्य दिनों की तरह कामकाज जारी रहेगा।
हर वर्ष आयोजित होने वाली इस ऐतिहासिक रथयात्रा में हजारों श्रद्धालु शामिल होते हैं। इस बार भी बस्तर सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात और भीड़ प्रबंधन की तैयारियां तेज कर दी हैं।
शहर में उत्सव का माहौल
गोंचा महापर्व को लेकर जगदलपुर शहर में धार्मिक उत्साह चरम पर है। रथयात्रा मार्ग पर साफ-सफाई, बैरिकेडिंग, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
व्यापारियों को भी बढ़े कारोबार की उम्मीद
रथयात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के पहुंचने से स्थानीय व्यापारियों और छोटे कारोबारियों को भी अच्छे कारोबार की उम्मीद है। होटल, परिवहन, मिठाई और पूजा सामग्री के व्यवसाय में विशेष रौनक रहने की संभावना है।
बस्तर की सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है गोंचा महापर्व
गोंचा रथयात्रा बस्तर के सबसे प्रमुख धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों में से एक है। स्थानीय अवकाश घोषित होने से जिले के लोग बिना किसी बाधा के इस ऐतिहासिक पर्व में शामिल होकर परंपरा और आस्था का हिस्सा बन सकेंगे।